बॉक्स ऑफिस पर डार्क हॉर्स साबित हुई यशराज फिल्म्स की सैयारा ने बिना किसी स्टार पावर के, बिना कोई प्रमोशन किए दर्शकों के दिलों में जगह बनाई और बॉक्स ऑफिस पर ब्लॉकबस्टर साबित हुई । भारत में अब तक कुल 313 करोड़ रू का कलेक्शन कर चुकी सैयारा, जिससे अहान पांडे और अनीत पड्डा ने अपना बॉलीवुड डेब्यू किया, बॉलीवुड के कई सेट रूल्स को तोड़ दिया और एक नया सबक दिया । इसी बीच कुछ लोगों का कहना था कि सैयारा एक कोरियन फ़िल्म से इंस्पायर है । ऐसे में अब सैयारा के राइटर संकल्प सदाना ने सैयारा के रीमेक के आरोपों पर चुप्पी तोड़ी है ।

कोरियन फ़िल्म से इंस्पायर है बॉक्स ऑफिस ब्लॉकबस्टर सैयारा ? राइटर संकल्प सदाना ने तोड़ी चुप्पी- “कोरियन फिल्म भी देखिए, हमारी भी… फ़ैसला खुद कर लीजिए”

कोरियन फ़िल्म से इंस्पायर है सैयारा ?

धमाल मचाने वाली फिल्म ‘सैयारा’ महज़ एक हिट नहीं, बल्कि एक सिनेमाई घटना बन चुकी है। यह बॉलीवुड इतिहास की सबसे ज़्यादा कमाई करने वाली रोमांटिक फिल्म बन गई है। लेकिन जितनी तेज़ी से इसकी सफलता ने लोगों का ध्यान खींचा, उतनी ही तेज़ी से इस पर विवाद भी शुरू हो गए।

ऑनलाइन अटकलें और तुलना कोरियन फिल्म से
फिल्म के रिलीज़ होते ही सोशल मीडिया पर चर्चा शुरू हो गई कि सैयारा  2004 की कोरियन फिल्म A Moment to Remember  की रीमेक है। उस फिल्म की कहानी भी एक ऐसी महिला के इर्द-गिर्द घूमती है जिसे शुरुआती अवस्था का अल्ज़ाइमर हो जाता है—बिल्कुल सैयारा  की नायिका की तरह।

अब इस बहुचर्चित मामले पर सैयारा  के लेखक संकल्प सदाना ने चुप्पी तोड़ी है। सीनियर फिल्म जर्नलिस्ट कोमल नाहटा के साथ बातचीत में उन्होंने कहा, “सच कहूं तो इस पर पहले ही बहुत कुछ कहा जा चुका है। मैं बस इतना कहूंगा—कोरियन फिल्म भी मौजूद है और सैयारा भी। दोनों देखिए और खुद तय कीजिए कि ये इंस्पायर्ड है, कॉपी है या ओरिजिनल।”

जब कोमल नाहटा ने उनसे सीधे पूछा कि क्या सैयारा  कोरियन फिल्म से इंस्पायर है ? तो संकल्प ने विस्तार से जवाब दिया। उन्होंने बताया कि इस कहानी की शुरुआत एक इमोशनल बातचीत से हुई थी, किसी फिल्म की नकल से नहीं। “ये आइडिया सिर्फ मेरा नहीं था। मैं निर्देशक मोहित सूरी के साथ एक मीटिंग के लिए उनके बांद्रा स्थित ऑफिस गया था। वापसी में बारिश हो रही थी। मैं निकलने ही वाला था, तभी मोहित ने कहा—‘रुको, कुछ सुनो’। उस समय किसी दूसरी फिल्म के सीक्वल पर चर्चा चल रही थी और सैयारा  उसी बातचीत का हिस्सा बनी।”

संकल्प ने आगे कहा, “उस बातचीत से फिल्म का मूल जन्मा । तब कोई स्टोरी नहीं थी, कोई स्क्रीनप्ले नहीं—सिर्फ एक भावना थी। एक लाइन थी जो बाद में फिल्म में भी आई— ‘हिट गाना वो नहीं होता जो दिमाग में रह जाए, हिट गाना वो होता है जो दिल में रह जाए।’ हमने उसी इमोशन को आधार बनाकर पूरी फिल्म गढ़ी।”