हिंदी सिनेमा में स्टार सिस्टम, फ़िल्म का बॉक्स ऑफ़िस कलेक्शन हावी होता जा रहा है । एक्टर के काम की पहचान भी कहीं न कहीं इस बात से होने लगी है की उसकी फ़िल्म ने कितनी कमाई की । लेकिन सुभाष घई का मानना है कि फ़िल्म की कमाई कितनी हुई ये ज़रूरी नहीं बल्कि वो बनाई कैसी है इस बात पर ध्यान देना ज़्यादा ज़रूरी है । हाल ही में बॉलीवुड हंगामा के साथ हुए एक्सक्लूसिव इंटरव्यू में सुभाष घई ने इसी मुद्दे पर खुलकर बात की और बताया की फ़िल्म की कमाई का आँकलन करना तो बनियों का काम है उन्हें इसका हिसाब लगाने दो ।
बॉक्स ऑफ़िस कलेक्शन पर बोले सुभाष घई
इंटरव्यू के दौरान जब उनसे पूछा गया कि, दर्शकों को अब ये जानकारी आसानी से मिल जाती है की किस फ़िल्म ने 100 करोड़ कमाया या 200 करोड़ कमाया, कौनसा फ़िल्म स्टार नंबर वन है । ऐसे में सुभाष घई दर्शकों को क्या कहना चाहेंगे की उन्हें फ़िल्म एंजॉय करनी चाहिए या इन सब बातों पर ध्यान देना चाहिए । इसके जवाब में उन्होंने कहा, “हमें इस बात को समझना होगा कि ज़माना बदल गया है और पैसे ने सब कुछ टेक ओवर कर लिया है । पैसों को लेकर अब हर कोई कॉनशियस हो गया है और इसमें कुछ ग़लत भी नहीं है । लेकिन यदि आप इसे पॉज़िटिव तरीक़े से लेते हैं तब ठीक है लेकिन यदि निगेटिव तरीक़े से लेते हैं तो यह आपके लिए सही नहीं है । क्योंकि इससे आप हतोत्साहित हो जाते है की उसकी फ़िल्म ने 95 करोड़ का किया और मेरी ने तो सिर्फ़ 25 करोड़ का ही बिज़नेस किया ।
“आप इस बात पर ध्यान दो की आपकी फ़िल्म कितनी अच्छी बनी । फ़िल्म की कमाई का आँकलन करना तो बनियों का काम है उन्हें इसका हिसाब लगाने दो । बॉक्स ऑफ़िस कलेक्शन पर ध्यान देना आपके लिए कहीं न कहीं एंटरटेनिंग हो सकता है लेकिन यदि ये आपके काम में दिखने लगेगा तो फिर ये डिस्ट्रक्टिव हो सकता है ।
















