परिणीति चोपड़ा जल्द ही इम्तियाज अली की आगामी फ़िल्म चमकीला में लीड रोल निभाते हुए नजर आएंगी । इम्तियाज अली की चमकीला असल में अमर सिंह चमकीला के जीवन पर आधारित है । ऐसा पहली बार होगा जब परिणीति चोपड़ा निर्देशक इम्तियाज अली के साथ काम करेंग़ी । और दिलचस्प बात ये है कि इम्तियाज अली की चमकीला के लिए परिणीति चोपड़ा ने रणबीर कपूर के साथ मिली फ़िल्म एनिमल को छोड़ा । बॉलीवुड हंगामा के साथ हुए एक्सक्लूसिव इंटरव्यू में इम्तियाज ने वो खास वजह बताई जिसकी वजह से परिणीति चोपड़ा ने रणबीर कपूर के साथ मिली फ़िल्म को छोड़ा ।

EXCLUSIVE: परिणीति चोपड़ा ने इसलिए रणबीर कपूर स्टारर एनिमल छोड़कर बायोपिक फ़िल्म चमकीला को चुना, डायरेक्टर इम्तियाज अली ने बताई वजह

परिणीति चोपड़ा ने एनिमल की जगह चमकीला को क्यों चुना

बॉलीवुड हंगामा के साथ हुए एक्सक्लूसिव इंटरव्यू में इम्तियाज अली से पूछा गया कि आखिर उनकी फ़िल्म चमकीला में ऐसा क्या है जिसके लिए परिणीति चोपड़ा ने रणबीर के साथ फ़िल्म को छोड़ दिया ? इसके जवाब में इम्तियाज ने कहा, “इसका जवाब तब ज्यादा सही होगा जब आप फ़िल्म देखेंगे । मैं अभी फ़िल्म के बारें में ज्यादा कुछ तो नहीं बोल पाउंगा क्योंकि अभी हमने उस फ़िल्म को शुरू नहीं किया है । लेकिन एक बात कह सकता हूं कि, उस फ़िल्म में गाना भी खुद ही गाना है, तो ये फ़िल्म की एक बहुत अट्रेक्टिव चीज है । और परिणीति खुद एक सिंगर भी है एक्टर होने के अलावा । तो उनके लिए ये एक बड़ी वजह हो सकती है । इस फ़िल्म में परिणीति सिंगिंग भी करेंगी ।”

अमर सिंह चमकीला की मर्डर मिस्ट्री अभी तक अनसुलझी है

बता दें कि, अमर सिंह चमकीला, ऐसे पंजाबी गायक थे जो बेखौफ होकर अपने गीतों के जरिए समाज की बात को लोगों को सामने रखते थे और इसलिए वह कई लोगों की आंखों में खटकते थे । अमर सिंह चमकीला को एक मोटरसाइकिल गिरोह ने 8 मार्च 1988 दिन-दहाड़े गोलियों से भून दिया था । अमर सिंह चमकीला की हत्‍या का दोषी आतंकवादियों को माना गया । वहीं कुछ लोगों का ये भी कहना था कि अमर पंजाब के बेहतरीन गायक थे । इस वजह से दूसरे गायकों ने साजिश करके उनको मौत के घाट उतार दिया । यही कारण है कि इस गायक की मौत राज बनी हुई है और आज तक यह नहीं पता चला पाया कि आखिर उन्हें मारा किसने ।

अमर ने बेहद कम समय में ही संगीत की दुनिया में अपनी एक खास जगह बना ली थी । गीतकार होने के साथ ही साथ वह एक बेहतरीन मंच कलाकार भी थे । अक्‍सर वे सामाजिक कुरीतियों, नशे, मादक प्रदार्थ जैसे मामलों पर बात करते थे। जब चमकीला का सिंगिंग करियर शीर्ष पर था, तो उनके क्रांतिकारी गीत ही उनकी जान के दुश्मन बन गए । इस कारण चमकीला को खालिस्तानी उग्रवादियों से कई बार मौत की धमकी भी मिली ।