1. कलंक अब तक का सबसे महंगा करण जौहर प्रोडक्शन है, यह इतना भव्य और महंगा है कि करण के धर्मा प्रोडक्शन को दो अन्य प्रमुख निर्माताओं साजिद नाडियाडवाला और फॉक्स-स्टार स्टूडियो के साथ उत्पादन जिम्मेदारी साझा करनी पड़ी ।

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2. फिल्म का अनुमानित बजट 130 करोड़ रुपये है । यहां तक कि इसे भी पार करने के लिए फिल्म को बुधवार 17 अप्रैल को और सप्ताहांत के बाद भी मज़बूती से टिकने की जरूरत है । ईस्टर की छुट्टियों को बीच में पड़ने से यह आसान हो जाना चाहिए ।

3. फिल्म की स्टारकास्ट में कई बदलाव किए गए हैं । वरुण धवन की भूमिका मूल रूप से शाहरुख खान द्वारा निभाई जानी थी और काजोल को आलिया भट्ट की भूमिका करनी थी । दाने दाने पे लिखा खाने वाले का नाम ।

4. श्रीदेवी को माधुरी दीक्षित की जगह लिया गया । एक समय पर दोनों एक-दूसरे के भयंकर प्रतिद्वंद्वी थे । यह विडंबना है कि नियति को कुछ और ही मंजूर था और श्रीदेवी जी के अचानक से इस दुनिया से चले जाने के बाद माधुरी को इस भूमिका के लिए पूछा गया ।

5. दीक्षित के नेकदिल तवायफ का चरित्र पाकीज़ा में मीना कुमारी, उमराव जान में रेखा और देवदास में माधुरी दीक्षित से प्रेरित है । स्पष्ट रूप से सुश्री दीक्षित नेने की बहार बेगम तीनों क्लासिक किरदारों की एक प्रस्तुति है ।

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6. संजय दत्त की भूमिका के लिए मूल पसंद ऋषि कपूर थे जो दुर्भाग्य से बीमार पड़ गए और उन्हें चिकित्सा देखभाल के लिए देश छोड़ना पड़ा । इस तरह ऋषि कपूर और श्रीदेवी की चांदनी जोड़ी दत्त और दीक्षित की खलनायक जोड़ी में बदल गई ।

7. आलिया भट्ट का लुक जोधा अकबर में ऐश्वर्या राय बच्चन और पाकिस्तानी अभिनेत्री सनम सईद द्वारा टेलीविज़न श्रृंखला ‘ज़िंदगी गुलज़ार है’ से प्रेरित है । संयोग से गुलज़ार और महेश भट्ट दो निर्देशक हैं जिनके साथ आलिया काम करना चाहती हैं । दोनों निर्देशकों ने 3 दशक पहले ही निर्देशन बंद कर दिया है । अपने पिता को तो आलिया ने मना लिया और रूप के किरदार के लिए ‘ज़िंदगी गुलज़ार है’ से प्रेरणा लेकर वह गुलज़ार के भी करीब महसूस कर रही होंगी ।

8. जबकि सारा ध्यान हिट वरुण-आलिया की जोड़ी पर है, निर्माता करण जौहर आदित्य रॉय कपूर-सोनाक्षी सिन्हा की जोड़ी को हिट बनाने के लिए हर संभव कोशिश कर रहे हैं । मार्केटिंग के लिए दोनों जोड़ों को एक साथ रहने देना, करण का ही विचार था । कई फ्लॉप फिल्मों के बाद, कलंक को कपूर और सिन्हा की कमबैक के रूप में देखा जा रहा है ।

9. 2 घंटे और 48 मिनट के रनिंग-टाइम पर, कलंक करण जौहर द्वारा निर्मित सबसे लंबी फिल्मों में से एक है । फिल्म माई नेम इज़ खान से 3 मिनट लंबी है ।

10. संजय लीला भंसाली के साथ तुलना कलंक का पहला टीज़र सामने आने के बाद से ही शुरू हुई है । मार्केटिंग पैंतरेबाज़ी के एक मास्टरस्ट्रोक में करण जौहर ने फिल्म को संजय लीला भंसाली को दिखाने का फैसला किया है, जिसने जाहिर तौर पर कलंक को प्रेरित किया है । जी हां, भंसाली कलंक एक विशेष स्क्रीनिंग पर देखेंगे । हमें भंसाली के विचारों का बेसब्री से इंतजार है ।