जहां फिल्म इंडस्ट्री में अक्सर सिर्फ एक स्टार की चमक पर ध्यान दिया जाता है, वहीं अदिवी शेष अपनी अगली फिल्म डकैत में हीरो बनने की परिभाषा को अलग तरीके से पेश कर रहे हैं। अपनी आने वाली पैन-इंडिया फिल्म डकैत: अ लव स्टोरी को लेकर अदिवी शेष कहते हैं कि यह फिल्म “दो हीरो वाली फिल्म” है। यह सिर्फ तारीफ करने के लिए नहीं, बल्कि उनके उस गहरे विश्वास को दर्शाता है कि एक अच्छी कहानी आपसी सम्मान, सहयोग और संतुलन से बनती है।

अदिवी शेष ने डकैत को बताया दो हीरो वाली फ़िल्म ; “मृणाल ठाकुर भी उतनी ही हीरो हैं जितना मैं हूं”

डकैत दो हीरो वाली फ़िल्म है- अदिवी शेष

अदिवी शेष मानते हैं कि कहानी और स्क्रिप्ट सबसे ऊपर होती है। उनके लिए किसी भी स्क्रिप्ट का महत्व यह नहीं होता कि उसमें मेल लीड है या फीमेल लीड, बल्कि यह मायने रखता है कि वह कहानी को कितना मज़बूत बनाती है। डकैत एक लव स्टोरी है, और एक लव स्टोरी हमेशा बराबरी पर आधारित होती है, इसलिए उनके लिए यह फिल्म एक दो हीरो वाली फिल्म है, क्योंकि प्यार एकतरफा नहीं होता।

अदिवी शेष, जिन्होंने इस फिल्म को लिखा भी है, हमेशा अपने प्रोजेक्ट्स को संपूर्ण नज़रिए से देखते हैं, न कि सिर्फ अपने रोल को लेकर। उनका कहना है कि डकैत की कहानी दोनों लीड किरदारों से बराबरी की भावनात्मक गहराई और मेहनत की मांग करती है। और मृणाल ठाकुर में उन्हें सिर्फ एक को-स्टार ही नहीं, बल्कि एक ऐसी साथी कलाकार मिलीं जो कहानी को बेहतर बनाने के लिए उतनी ही समर्पित हैं।

अदिवी शेष कहते हैं, “शुरू से ही, डकैत कभी भी एक हीरो की फिल्म नहीं लगी। यह दो ऐसे किरदारों की कहानी है, जो अपनी-अपनी लड़ाइयां लड़ रहे हैं और दोनों ही इस कहानी की आत्मा हैं। मैं हमेशा मानता हूं कि जब अहम पीछे रहता है, तभी कहानियां आगे बढ़ती हैं — और मृणाल में मुझे ऐसा को-एक्टर मिला है, जो इस सोच को साझा करती हैं।”

अपने और मृणाल के काम करने के अंदाज़ के बारे में वे बताते हैं, “उनके काम करने में एक ईमानदारी और सच्चाई है, जो मेरे अपने अभिनय के तरीके से मेल खाती है। हम दोनों इंडस्ट्री के बाहर से आए हैं, और अपने दम पर यहां तक पहुंचे हैं, इस वजह से हमारे बीच एक अनकहा सा समझ और सम्मान है।”

अदिवी शेष आगे कहते हैं, “हम दोनों ही ऐसे कलाकार हैं जो फिल्म के लिए कुछ भी कर सकते हैं। ऐसा समर्पण दिखावा नहीं होता, बल्कि महसूस किया जाता है। और इसी वजह से डकैत एक दो-हीरो वाली फिल्म लगती है। हमारा मकसद एक-दूसरे से आगे निकलना नहीं, बल्कि साथ मिलकर कुछ अच्छा बनाना है। यह आपसी विश्वास की बात है और एक-दूसरे को हर दिन बेहतर बनने के लिए प्रेरित करने की बात है।”

डकैत: अ लव स्टोरी इस साल की सबसे चर्चित फिल्मों में से एक मानी जा रही है, और अदिवी शेष का यह सहयोगात्मक नज़रिया इंडस्ट्री में एक नई सोच को बढ़ावा देता है। अपने किरदारों और कहानियों को चुनने में वे लगातार नए मानक स्थापित कर रहे हैं। डकैत इस बात का उदाहरण है कि जब अहम की जगह इरादा और सहयोग ले लेता है, तब असली हीरोइज़्म सामने आता है।