केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने बॉलीवुड एक्टर सुशांत सिंह राजपूत से जुड़े केस में क्लोजर रिपोर्ट दाखिल करके इस केस को नतीजे पर पहुंचा दिया है । मुंबई की एक अदालत में पेश की गई इस रिपोर्ट में कहा गया है कि जांच के दौरान कोई ठोस सबूत नहीं मिला, जिससे सुशांत की मौत में किसी साजिश या आपराधिक कृत्य की पुष्टि हो सके । मुंबई और पटना की अदालतों में पेश की गई इस रिपोर्ट में कहा गया कि जांच के दौरान कोई ‘फाउल प्ले’ या साजिश के सबूत नहीं मिले । हालांकि, मुंबई पुलिस की शुरुआती जांच में इसे आत्महत्या माना गया था । पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत की वजह फांसी के कारण दम घुटना बताई गई थी वहीं सुशांत के परिवार ने एक्टर की कथित गर्लफ्रेंड रिया चक्रवर्ती को आरोपी ठहराया नतीजतन बिहार पुलिस ने रिया के खिलाफ़ केस दर्ज किया और मामला CBI को सौंप दिया गया था । इतना ही नहीं मीडिया ने भी रिया चक्रवर्ती को टारगेट किया और उन पर तरह-तरह के बेबुनियाद कथित आरोप लगाए । लेकिन अब जब CBI ने भी इसे आत्महत्या करार किया है ऐसे में रिया चक्रवर्ती इस मामले में निर्दोष साबित होती है । इसलिए अब जी न्यूज (Zee News) के मालिक सुभाष चंद्रा ने, रिया चक्रवर्ती को टार्गेट कर जी न्यूज द्वारा की गयी रिपोर्टिंग के लिए पब्लिक्ली माफी मांगी है ।

सुशांत सिंह राजपूत केस में CBI का फ़ैसला आने के बाद अब जी न्यूज के हेड सुभाष चंद्रा ने रिया चक्रवर्ती से मांगी माफ़ी- “मैं कहूंगा की बहादुरी दिखाएं और आगे आकर माफी मांगे”

सुभाष चंद्रा ने रिया चक्रवर्ती से पब्लिक्ली माफी मांगी

सुशांत राजपूत की आत्महत्या के बाद भारतीय मीडिया ने रिया चक्रवर्ती के खिलाफ अभियान चलाया था और उन्हें एक ड्रग अडिक्ट और कातिल के रूप में पेश किया था। लेकिन अब सीबीआई ने अपनी क्लोजर रिपोर्ट में माना है कि सुशांत सिंह राजपूत की संदिग्ध मौत आत्महत्या ही थी। सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म, एक्स पर पोस्ट कर सुभाष चंद्रा ने कहा है कि सुशांत सिंह की मौत मामले में सीबीआई ने अपना क्लोजर रिपोर्ट दाखिल कर दी है । जिसके मुताबिक एक्ट्रेस रिया चक्रवर्ती के खिलाफ कोई केस नहीं बनता है ।

सुभाष चंद्रा ने लिखा, “सुशांत राजपूत आत्महत्या मामले में सीबीआई ने क्लोजर रिपोर्ट दायर कर दी है। मुझे लगता है ऐसा विश्वस्नीय सबूतों के अभाव में हुआ है। अब अस्पष्टता की कोई जगह नहीं है। इसका मतलब ये है कि कोई मामला नहीं बनता है। “पीछे मुड़कर सोचता हूं तो मुझे लगता है कि रिया को मीडिया ने अभियुक्त बनाया और मीडिया के इस नेतृत्व जी न्यूज ने अपने तत्कालीन संवाददाताओं और संपादकों के जरिए किया। दूसरों ने इसमें जी न्यूज को फॉलो किया। जी न्यूज के मेंटर के रूप में मैं उनसे कहूंगा की बहादुरी दिखाएं और माफी मांगे। मैं रिया से माफगी मांगता हूं, भले ही इसमें मेरी कोई भूमिका नहीं थी।”

सुशांत राजपूत की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद मीडिया में लगातार इस मुद्दे पर रिपोर्टिंग हुई थी और ये दावा किया गया था कि सुशांत ने आत्महत्या नहीं की है बल्कि उनकी हत्या हुई है। मीडिया ने दावा किया था कि सुशांत की हत्या के पीछे एक बड़ी साजिश है जिसमें बॉलीवुड और राजनीति के बड़े लोग शामिल हैं। हालांकि अब सीबीआई ने इस मामले में क्लोजर रिपोर्ट लगा दी है और सुशांत की मौत को आत्महत्या ही माना है।

बता दें कि, क्लोजर रिपोर्ट तब दायर की जाती है जब जांच एजेंसी को कोई ठोस सबूत नहीं मिलते । लेकिन इसका मतलब यह नहीं होता कि मामला पूरी तरह बंद हो गया है । अदालत के पास आखिरी फैसला लेने का अधिकार होता है । अगर अदालत को जांच अधूरी लगती है, तो वह अतिरिक्त जांच के आदेश दे सकती है. शिकायतकर्ता के पास प्रोटेस्ट पिटीशन दायर करने का विकल्प होता है, जिससे जांच दोबारा शुरू हो सकती है. अगर अदालत क्लोजर रिपोर्ट स्वीकार कर लेती है, तो केस खत्म माना जाएगा ।