आलिया भट्ट अभिनीत गैंगस्टर ड्रामा गंगूबाई काठियावाड़ी इस साल की बहुप्रतिक्षित फ़िल्मों में से एक है । इस फ़िल्म में आलिया भट्ट का कभी न देखा गया अवतार देखने को मिलेगा जिसकी झलक टीजर में देखने को मिल गई है । संजय लीला भंसाली द्दारा निर्देशित गंगूबाई काठियावाड़ी 30 जुलाई 2021 को सिनेमाघरों में रिलीज होगी लेकिन कोरोना की दूसरी विस्फ़ोटक लहर इस पर एक सवाल खड़ा कर रही है । जहां कोरोना महामारी को देखते हुए कई फ़िल्ममेकर्स ने अपनी फ़िल्म को थिएटर में रिलीज करने के लिए ओटीटी प्लेटफ़ॉर्म का सहारा लिया और दिग्गज ओटीटी प्लेटफ़ॉर्म्स द्दारा दी जाने वाले ऑफ़र के आगे झुक गए । वहीं इस मामले में संजय लीला भंसाली एकदम क्लीयर हैं । वह अपनी फ़िल्म गंग़ूबाई काठियावाड़ी को सिर्फ़ थिएटर में ही रिलीज करना चाहते हैं फ़िर चाहे इसके लिए उन्हें कितना ही इंतजार क्यों न करना पड़े ।

आलिया भट्ट की गंग़ूबाई काठियावाड़ी को लेकर पॉजिटिव हैं संजय लीला भंसाली
इस बारें में फ़िल्म से जुड़े करीबी सूत्र ने हमें बताया कि, “गंग़ूबाई काठियावाड़ी बनकर तैयार है और तैयार हुई अपनी इस फ़िल्म से भंसाली बहुत खुश हैं । उन्हें लगता है कि विजुअल्स-इमोशंस और अपनी भव्यता के मामले में गंगूबाई काठियावाड़ी उनकी अब तक की सबसे बड़ी और सर्वश्रेष्ठ फिल्म है । इसलिए यह थिएटर के ही लायक है । इन्हें किसी भी कीमत पर ओटीटी प्लेटफॉर्म पर रिलीज नहीं किया जा सकता है ।”
जब सूत्र से पूछा गया कि यदि ये महामारी ऐसे ही आगे बढ़ती रही तब क्या होगा ? इस पर सूत्र ने कहा, “संजय लीला भंसाली गंग़ूबाई काठियावाड़ी को थिएटर में रिलीज करने के लिए कितना भी इंतजार कर सकते हैं । फ़िर चाहे कितना भी समय क्यों न लग जाए ।”
बता दें कि भंसाली की ये फ़िल्म मुंबई के कमाठीपुरा रेड लाइट एरिया की मशहूर गंगूबाई कोठेवाली की ज़िंदगी पर बेस्ड फ़िल्म है । इस फिल्म में साठ के दशक की मुंबई को दिखाया जाएगा । यह फ़िल्म 30 जुलाई 2021 को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली थी लेकिन महामारी के कारण थिएटर्स को अभी खोलने की इजाजत नहीं है ऐसे में फ़िल्म की थीएट्रीकल रिलीज पर सवाल खड़ा हो गया है ।
गंगूबाई की बात करें तो, गंगूबाई को कमाठीपुरा की क्वीन भी कहा जाता था । गंगूबाई की पहुंच मुंबई माफिया के साथ-साथ राजनेताओं तक थी । वो सेक्स वर्कर्स के लिए गॉडमदर बन गईं और लोग उन्हें गंगू मां कहकर पुकारने लगे । कहा जाता है कि, गंगूबाई भी सेक्स ट्रैफिकिंग की शिकार हुई थीं । गंगूबाई का नाम गंगा हरजीवनदास काठियावाड़ी था और वो गुजरात के काठियावाड़ की रहने वाली थीं । वो एक भरे-पूरे परिवार से ताल्लुक़ रखतीं थी । गंगू मुंबई आकर फ़िल्मों में अपनी किस्मत आज़माना चाहती थीं ।
















