कोरोना संकटकाल के दौरान निस्वार्थ भाव से जरूरतमंद लोगों की लगातार मदद कर सोनू सूद साल 2020 के इंडियन ऑफ़ द ईयर बन चुके हैं । महामारी के दौरान सुपरहीरो बनकर हजारों लोगों की मदद कर सोनू सूद हर जरूरतमंद के लिए मसीहा बनकर उभरे । सोनू भले ही खुद को मसीहा न मानें लेकिन उन्हें मसीहा मानने वालों की कमी नहीं है । प्रवासी मजदूरों को घर पहुंचाने और उनके खाने-पीने की व्यवस्था करने, लोगों को रहने के लिए घर बनवाने, बच्चों के लिए शिक्षा का प्रबंध करने और बेरोजगारों को रोजगार मुहैया कराने वाले सोनू का अब अगला मदद करने का लक्ष्य है जरूरतमंदों को मेडिकल सुविधा मुहैया कराना ।

सोनू सूद ने बुजुर्गों की मदद करने को बनाया अपना 2021 का मिशन, उपलब्ध कराएंगे मेडिकल सुविधा

सोनू सूद बुजुर्गों के लिए नी रिप्लेसमेंट सर्जरी आसान बनाना चाहते हैं

सोनू को लगता है कि मेडिकल सुविधा एक अपेक्षित्र क्षेत्र है जिसे हर जरूरतमंद के पास पहुंचनी चाहिए । घुटने की रिप्लेसमेंट सर्जरी जो वृद्धों के बीच बहुतायत देखी जाती है , भी उन्हीं मेडिकल सुविधा में से एक है । इस बारें में सोनू ने कहा, “वृद्ध लोगों को जरूरत की मेडिकल सुविधा नहीं मिल पाती जब तक की उन्हें कोई गंभीर बीमार न हो । इसलिए मैं नी रिप्लेसमेंट सर्जरी जैसी मेडिकल सुविधा को बुजुर्गों के लिए आसान बनाना चाहता हूं । क्योंकि मेरा लॉजिक सिंपल है, जब आप छोटे होते हैं तो आपके मां-बाप आपको चलना सीखाते हैं, इसलिए अब आपकी बारी है कि आप ये सुनिश्चित करें कि वे अपनी बढ़ती उम्र में ठीक से चल सके ।”

सोनू बुजुर्गों के लिए कुछ करना चाहते हैं

सोनू को लगता है कि बुजुर्ग भी कहीं न कहीं अपने गिरते स्वास्थ्य के लिए जिम्मेदार हैं । “ऐसा नहीं है कि सभी बच्चे अपने माता-पिता की जरूरतों के प्रति असंवेदनशील हैं । वे उनके घुटने की सर्जरी के लिए आगे आते हैं जब उनके माता-पिता को इसकी आवश्यकता होती है । लेकिन अक्सर माता-पिता ऐसे होते हैं जो अपने बच्चों को घुटने की सर्जरी में पैसा खर्च करने से रोकते हैं । बच्चे अपने मां-बाप से कई मर्तबा इसके लिए कहते हैं फ़िर जब वे मना कर देते हैं तो वे उन पैसों को अन्य जरूरतों को पूरा करने में लगा देते हैं । इस तरह से बुजुर्ग उपेक्षित हो जाते हैं । इसलिए मैं वृद्धों के लिए घुटने की सर्जरी को आसान बनाना चाहता हूं । उन्हें यह महसूस नहीं करना चाहिए कि वे हमारे समाज का एक बेकार उपेक्षित हिस्सा हैं । साल 2021 में, मैं घुटने की प्रत्यारोपण सर्जरी को अपनी प्राथमिकता बनाना चाहता हूं ।”